सीआरएसयू, जींद में शोधार्थी सपना का पीएचडी वाइवा संपन्न, शोध निष्कर्षों में ऑनलाइन खरीद व्यवहार पर ई-संतुष्टि का प्रभाव उजागर
सीआरएसयू, जींद में शोधार्थी सपना का पीएचडी वाइवा संपन्न, शोध निष्कर्षों में ऑनलाइन खरीद व्यवहार पर ई-संतुष्टि का प्रभाव उजागर
चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय, जींद के प्रबंधन विभाग में शोधार्थी सपना का पीएचडी वाइवा सफलतापूर्वक एवं गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। यह शोध कार्य विभागाध्यक्ष एवं शोध-निर्देशक प्रो. अजमेर सिंह के कुशल मार्गदर्शन, सतत प्रेरणा एवं अकादमिक दिशा-निर्देशन में पूर्ण किया गया।
वाइवा के दौरान बाह्य एवं आंतरिक परीक्षकों की गरिमामयी उपस्थिति में शोधार्थी सपना ने अपने शोध विषय का विस्तृत, सुव्यवस्थित एवं प्रभावशाली प्रस्तुतीकरण किया। उन्होंने अपने शोध के उद्देश्यों, सैद्धांतिक आधार, अनुसंधान पद्धति, डेटा विश्लेषण तथा निष्कर्षों को स्पष्टता एवं आत्मविश्वास के साथ प्रस्तुत किया। इस दौरान परीक्षकों ने शोध के विभिन्न पहलुओं पर गहन एवं विश्लेषणात्मक प्रश्न पूछे, जिनका सपना ने तार्किक, संतुलित एवं संतोषजनक उत्तर देकर अपनी विषय-वस्तु पर गहरी पकड़ का परिचय दिया।
शोध के निष्कर्षों में यह स्पष्ट हुआ कि ऑनलाइन खरीद व्यवहार को प्रभावित करने वाले प्रमुख कारकों में उत्पाद चयन, सुविधा (Convenience) और बचत (Saving) विशेष रूप से महत्वपूर्ण हैं। अध्ययन के अनुसार ई-संतुष्टि (E-Satisfaction) का उपभोक्ताओं के पुनः खरीद व्यवहार (Re buying Behaviour) पर सकारात्मक एवं महत्वपूर्ण प्रभाव पाया गया। उच्च स्तर की ग्राहक संतुष्टि, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर दोबारा खरीद की संभावना को बढ़ाती है।
इसके अतिरिक्त, अध्ययन में यह भी सामने आया कि अधिकांश उत्तरदाता ऑनलाइन खरीदारी के विभिन्न पहलुओं—जैसे उत्पाद गुणवत्ता, ग्राहक सेवा, भुगतान विकल्प, नेविगेशन सुविधा एवं रिटर्न पॉलिसी—से संतुष्ट पाए गए। शोध में जनसांख्यिकीय कारकों (जैसे आयु, लिंग, आय एवं व्यवसाय) के आधार पर भी उपभोक्ता व्यवहार में कुछ महत्वपूर्ण अंतर देखने को मिले, जो ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स के लिए उपयोगी संकेत प्रदान करते हैं।
परीक्षकों ने शोध कार्य की उच्च गुणवत्ता, नवीनता तथा वर्तमान संदर्भ में इसकी उपयोगिता की सराहना करते हुए इसे अकादमिक दृष्टि से महत्वपूर्ण एवं समाजोपयोगी बताया। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि यह शोध भविष्य में संबंधित क्षेत्र में नए आयाम स्थापित करने की क्षमता रखता है।
इस अवसर पर विभाग के संकाय सदस्य, शोधार्थी एवं विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे, जिससे कार्यक्रम का वातावरण और भी उत्साहपूर्ण एवं प्रेरणादायक बन गया। विभागाध्यक्ष प्रो. अजमेर सिंह ने सपना को इस महत्वपूर्ण उपलब्धि पर हार्दिक बधाई देते हुए कहा कि यह सफलता उनके निरंतर परिश्रम, समर्पण, अनुशासन एवं अनुसंधान के प्रति गंभीर दृष्टिकोण का परिणाम है। उन्होंने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए आशा व्यक्त की कि वे आगे भी अकादमिक एवं शोध क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देती रहेगी और संस्थान का नाम रोशन करेंगी।
अंत में, वाइवा प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूर्ण होने पर सभी उपस्थित जनों ने शोधार्थी को शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर शोधार्थी, सहायक प्राध्यापक एवं अन्य अकादमिक सदस्य भी उपस्थित रहे।
