विश्वविद्यालय प्रशासन विद्यार्थियों के हितों के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध- प्रो. राम पाल सैनी छात्रों की सुविधा सर्वोपरि: चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय के कुलगुरु द्वारा बालक छात्रावास मेस का निरीक्षण, लंच के दौरान छात्रों से की सीधी बातचीत
चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय, जींद के कुलगुरु प्रो. राम पाल सैनी ने विश्वविद्यालय परिसर स्थित बॉयज हॉस्टल का विस्तृत एवं औचक निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं का गहनता से जायजा लिया। इस निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करना तथा उनके समग्र कल्याण से जुड़े विषयों की समीक्षा करना रहा।
निरीक्षण के दौरान कुलगुरु ने हॉस्टल भवन की संरचनात्मक स्थिति, कमरों की स्वच्छता, पेयजल व्यवस्था, शौचालयों की साफ-सफाई, सुरक्षा प्रबंध, विद्युत व्यवस्था, प्रकाश एवं वेंटिलेशन सहित सभी मूलभूत सुविधाओं का विस्तार से अवलोकन किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो तथा प्रत्येक व्यवस्था को निर्धारित मानकों के अनुरूप बनाए रखा जाए।
विद्यार्थियों द्वारा मेस में भोजन की गुणवत्ता को लेकर प्राप्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए कुलगुरु ने मेस का औचक निरीक्षण भी किया। इस दौरान उन्होंने रसोईघर, खाद्य सामग्री के भंडारण स्थल, बर्तनों की सफाई व्यवस्था तथा भोजन तैयार करने की प्रक्रिया का सूक्ष्म निरीक्षण किया। उन्होंने स्वयं भोजन की गुणवत्ता की जांच की और उसका स्वाद भी चखा। निरीक्षण के उपरांत उन्होंने मेस प्रबंधन एवं ठेकेदार को सख्त निर्देश दिए कि भोजन की गुणवत्ता, पोषण मानकों और स्वच्छता में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कुलगुरु प्रो. राम पाल सैनी का बयान:
कुलगुरु ने स्पष्ट रूप से कहा कि विद्यार्थियों को पौष्टिक, ताजा एवं संतुलित भोजन उपलब्ध कराना विश्वविद्यालय प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने मेस परिसर में नियमित रूप से साफ-सफाई सुनिश्चित करने, खाद्य सामग्री की गुणवत्ता की समय-समय पर जांच कराने तथा भोजन की तैयारी में स्वच्छता के सभी मानकों का पालन करने के निर्देश दिए, ताकि विद्यार्थियों को स्वस्थ एवं अनुकूल वातावरण मिल सके और उनका स्वास्थ्य उत्तम बना रहे।
“विश्वविद्यालय प्रशासन विद्यार्थियों के हितों के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। हॉस्टल में रहने वाले विद्यार्थियों को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण वातावरण उपलब्ध कराना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। भोजन की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। नियमित निरीक्षण, सतत निगरानी और जवाबदेही तय कर व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाया जाएगा। हमारा लक्ष्य विद्यार्थियों को ऐसा वातावरण प्रदान करना है, जहां वे शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ-साथ शारीरिक और मानसिक रूप से भी स्वस्थ रह सकें।”
कुलगुरु ने यह भी कहा कि विश्वविद्यालय परिसर में इको-फ्रेंडली वातावरण को बढ़ावा दिया जाएगा। हॉस्टल परिसर में हरित क्षेत्र विकसित करने, स्वच्छता अभियान को नियमित रूप से चलाने तथा प्लास्टिक मुक्त परिसर की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ-साथ खेलकूद और व्यायाम जैसी गतिविधियों के लिए भी प्रोत्साहित किया जाएगा, जिससे उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित हो सके।
बॉयज हॉस्टल में विद्यार्थियों के लिए इंडोर गेम्स की सुविधाएं उपलब्ध कराने की भी घोषणा की गई, ताकि विद्यार्थी अपने खाली समय का सकारात्मक उपयोग कर सकें और शारीरिक रूप से फिट रह सकें। साथ ही, सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने तथा रात्रि गश्त को नियमित करने के निर्देश भी दिए गए।
कुलसचिव डॉ. राजेश बंसल का बयान:
निरीक्षण के दौरान विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. राजेश बंसल भी उपस्थित रहे। उन्होंने मेस संचालन की पारदर्शिता, खाद्य सामग्री की गुणवत्ता, भंडारण प्रणाली तथा रसोईघर की स्वच्छता का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि विद्यार्थियों से प्राप्त सुझावों और शिकायतों पर तत्काल प्रभाव से कार्रवाई की जाए तथा समय-समय पर समीक्षा बैठक आयोजित कर व्यवस्थाओं में निरंतर सुधार सुनिश्चित किया जाए।
“मेस संचालन में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए समय-समय पर निरीक्षण और समीक्षा की जाएगी। विद्यार्थियों से प्राप्त सुझावों और शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई हमारी प्राथमिकता है। हमारा उद्देश्य है कि विद्यार्थियों को पौष्टिक, स्वच्छ और संतुलित भोजन उपलब्ध कराया जाए तथा उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।”
विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी इस प्रकार के औचक निरीक्षण नियमित रूप से जारी रहेंगे। विद्यार्थियों की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा तथा विश्वविद्यालय परिसर में शैक्षणिक, सामाजिक और स्वास्थ्य संबंधी सभी सुविधाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाया जाएगा, ताकि संस्थान उत्कृष्टता की दिशा में निरंतर अग्रसर रहे।
इस मौके पर ओएसडी टू वाइस चांसलर डॉ विजय कुमार, चीफ वार्डन डॉक्टर अजमेर सिंह, वार्डन डॉक्टर प्रवीण, एसडीओ सिविल श्री ललित भारद्वाज, निजी सचिव श्री सुरेश कुमार व मेस ठेकेदार उपस्थित रहे
