सीआरएसयू में 2026-27 प्रवेश प्रक्रिया और अकादमिक योजनाओं पर मंथन, समयबद्ध परीक्षा परिणामों व पारदर्शी व्यवस्था पर जोर
चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय (सीआरएसयू), जींद में शैक्षणिक सत्र 2026-27 की प्रवेश प्रक्रिया, विद्यार्थियों द्वारा उठाए गए विभिन्न मुद्दों तथा विश्वविद्यालय की भावी अकादमिक योजनाओं पर विचार-विमर्श के उद्देश्य से कुलगुरु प्रो. राम पाल सैनी की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में डीन अकादमिक अफेयर्स प्रो. विशाल वर्मा, परीक्षा नियंत्रक डॉ. राजेश बंसल सहित संबंधित अधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक के दौरान परीक्षा शाखा द्वारा हाल ही में घोषित परीक्षा परिणामों की विस्तृत समीक्षा की गई। विश्वविद्यालय प्रशासन ने बताया कि विभिन्न पाठ्यक्रमों के परीक्षा परिणाम एवं पुनर्मूल्यांकन (री-इवैल्यूएशन) के परिणाम निर्धारित समय से पहले सफलतापूर्वक घोषित कर दिए गए हैं। इससे विद्यार्थियों को आगामी प्रवेश प्रक्रियाओं, उच्च शिक्षा के अवसरों तथा प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए आवेदन करने में किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि समयबद्ध एवं पारदर्शी परीक्षा प्रणाली विश्वविद्यालय की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है।
बैठक में विश्वविद्यालय प्रशासन ने विद्यार्थियों की डिग्री प्राप्त करने एवं प्रवेश प्रक्रिया से संबंधित सोशल मीडिया तथा अन्य माध्यमों पर फैलाई जा रही भ्रामक एवं निराधार अफवाहों का स्पष्ट रूप से खंडन किया। प्रशासन ने प्रवेश लेने के इच्छुक विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों से अपील की कि वे ऐसी अफवाहों से गुमराह न हों तथा किसी भी जानकारी के लिए केवल विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट अथवा संबंधित विभाग से ही सत्यापित सूचना प्राप्त करें।
साथ ही, विश्वविद्यालय प्रशासन ने मीडिया के सभी साथियों से भी अनुरोध किया कि विश्वविद्यालय से संबंधित किसी भी समाचार या सूचना का प्रकाशन अथवा प्रसारण करने से पूर्व उसकी पुष्टि विश्वविद्यालय प्रशासन या संबंधित विभाग से अवश्य कर लें, ताकि तथ्यात्मक एवं प्रमाणिक जानकारी ही जनसामान्य तक पहुंचे।
कुलगुरु प्रो. राम पाल सैनी ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन सदैव विद्यार्थियों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय शिक्षा, शोध, नवाचार, अकादमिक उत्कृष्टता एवं प्रशासनिक दक्षता के क्षेत्र में निरंतर प्रगति कर रहा है। साथ ही, विश्वविद्यालय राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (एनएएसी) की आगामी ग्रेडिंग में और बेहतर प्रदर्शन सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न स्तरों पर प्रभावी कदम उठा रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी हितधारकों के सहयोग से विश्वविद्यालय राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान को और अधिक सुदृढ़ करेगा।
कुलगुरु ने कहा कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक शिक्षण संसाधन तथा बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि नई शिक्षा नीति के अनुरूप विद्यार्थियों को कौशल-आधारित एवं रोजगारोन्मुखी शिक्षा प्रदान करने पर विशेष बल दिया जा रहा है, जिससे वे भविष्य की चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना कर सकें।
प्रो. सैनी ने कहा कि विश्वविद्यालय की परीक्षा प्रणाली प्रदेश के अग्रणी परीक्षा तंत्रों में शामिल है। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय ने पिछले वर्षों में समयबद्ध परीक्षा संचालन एवं शीघ्र परिणाम घोषणा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। इसी कारण विश्वविद्यालय लगातार प्रदेश के उन संस्थानों में शामिल रहा है, जिन्होंने सबसे पहले परीक्षा परिणाम घोषित किए हैं। उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता, निष्पक्षता और तकनीकी दक्षता सुनिश्चित करने के लिए निरंतर सुधार किए जा रहे हैं।
विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि समय पर परीक्षा परिणाम घोषित होने से विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा, छात्रवृत्ति, प्रतियोगी परीक्षाओं तथा अन्य प्रवेश प्रक्रियाओं में महत्वपूर्ण लाभ मिलता है। इसी दृष्टिकोण के साथ चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय भविष्य में भी विद्यार्थियों के हितों की रक्षा, उनकी शैक्षणिक उन्नति तथा उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए निरंतर कार्य करता रहेगा।
